कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर प्रदर्शन कर रहे किसान भविष्य के लिए रणनीति भी बना रहे हैं। इसमें से एक रणनीति के तहत किसानों के प्रदर्शन के प्रति जागरुकता फैलाने को लेकर उन्होंने देश भर में सिलसिलेवार महापंचायतों का ऐलान किया है। संयुक्त किसान मोर्चा (Samyukta Kisan Morcha, SKM) के नेता राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) पश्चिम बंगाल का दौरा करेंगे और वहां विधानसभा से 14 दिन पहले 13 मार्च को महापंचायत में शामिल होंगे।

बता दें कि यहां की 294 विधानसभा सीटों पर 8 चरणों में चुनाव होंगे जो 27 मार्च से 29 अप्रैल तक चलेगा और नतीजे 2 मई को आएंगे। सूत्रों ने बताया कि अन्य किसान नेताओं डॉक्टर दर्शन पाल, योगेंद्र यादव, बलबीर सिंह राजेवाल आदि भ्ी 12 मार्च को महापंचायत में शामिल होंगे जबकि 13 मार्च को टिकैत इसे संबोधित करेंगे। हाल में ही  संयुक्त किसान मोर्चा ने ऐलान किया था कि जिन राज्यों में चुनाव होना है उनसे भाजपा की किसान विरोधी नीतियों को सीख देने का अपील करेगी।

राज्य में चुनाव के लिए भाजपा पूरी तैयारी कर चुकी है, पार्टी के शीर्ष नेताओं का बंगाल दौरा जारी है। तीन नए कृषि कानूनों के खिलाफ किसान वर्ष 2020 के 26 नवंबर से ही राजधानी दिल्ली की विभिन्न सीमाओं पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इन किसानों की ओर से तीनों कानूनों की वापसी की मांग की गई है। इनका कहना है कि कृषि कानूनों को अच्छी तरह समझ लिया है और इसलिए विरोध कर रहे हैं। किसान नेताओं और सरकार के बीच 11 दौर की वार्ताएं विफल रही हैं।